PMAY-U 2.0: शहरों में घर खरीदने या किराए पर लेने वालों को बड़ी राहत, जानिए पूरी खबर

PMAY-U 2.0 के तहत शहरी गरीब और मिडिल क्लास परिवारों को घर खरीदने या किराए पर लेने के लिए सरकारी मदद मिलेगी। योजना 2029 तक चलेगी, ऑनलाइन आवेदन और जियो-टैगिंग से पारदर्शिता पर जोर है।

  • शहरों में किराए या खरीद के घर के लिए मिलेगी सरकारी मदद
  • 2029 तक चलेगी PMAY-U 2.0 योजना, लाखों परिवार होंगे शामिल
  • कम आय से मिडिल क्लास तक तय की गई नई इनकम लिमिट
  • ऑनलाइन आवेदन और जियो-टैगिंग से निगरानी, गड़बड़ी पर रोक

PMAY-U 2.0 Yojana: महंगाई के दौर में शहरों में घर लेना आम लोगों के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है। खासकर वे परिवार, जो अब तक किराए के मकानों में रह रहे हैं या जिनके पास खुद का पक्का घर नहीं है। ऐसे लोगों के लिए केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के दूसरे चरण PMAY-U 2.0 को एक बड़ा सहारा बनाया है।

यह योजना अब सिर्फ घर बनाने या खरीदने तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसमें किराए पर घर लेने का विकल्प भी जोड़ा गया है। सरकार का मकसद साफ है की शहरों में रहने वाले हर जरूरतमंद परिवार को सुरक्षित छत देना।

2029 तक चलेगी योजना, लक्ष्य ‘हाउसिंग फॉर ऑल’

PMAY-U 2.0 को साल 2029 तक लागू रखा जाएगा। इस दौरान सरकार की कोशिश है कि कोई भी पात्र शहरी परिवार बिना पक्के घर के न रहे। योजना के तहत मिलने वाली वित्तीय सहायता सीधे लाभार्थी तक पहुंचाई जाएगी ताकि बीच में किसी तरह की गड़बड़ी न हो।

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कौन ले सकता है योजना का लाभ

इस योजना का फायदा वही परिवार उठा सकते हैं, जिनके नाम पर पहले से कोई पक्का घर नहीं है। शहरी क्षेत्रों में रहने वाले आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग, निम्न आय वर्ग और मध्यम आय वर्ग को इसमें शामिल किया गया है।

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  • सरकार ने आय के आधार पर साफ सीमाएं तय की हैं।
  • जो परिवार सालाना तीन लाख रुपये तक कमाते हैं, वे EWS श्रेणी में आते हैं।
  • तीन से छह लाख रुपये तक की आय वालों को LIG में रखा गया है।
  • वहीं छह से नौ लाख रुपये तक की आय वाले परिवार MIG श्रेणी में शामिल हैं।

योग्यता नहीं तो नहीं मिलेगा लाभ

सरकार ने साफ किया है कि अगर आवेदन के बाद कोई व्यक्ति अपात्र पाया गया, तो उसे योजना का लाभ नहीं मिलेगा। पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जियो-टैगिंग का इस्तेमाल किया जा रहा है। घर निर्माण से जुड़ी तस्वीरें, वीडियो और लोकेशन रिकॉर्ड की जा रही हैं ताकि फर्जीवाड़े पर पूरी तरह रोक लग सके।

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कौन करता है योजना का संचालन

PMAY-U 2.0 को आवास और शहरी कार्य मंत्रालय लागू कर रहा है। आवेदन प्रक्रिया को ऑनलाइन रखा गया है, जिससे लोगों को दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें। सरकार का दावा है कि प्रक्रिया सरल है और पात्र लोग आसानी से आवेदन कर सकते हैं।

शहरों में अपने घर का सपना देखने वाले लाखों परिवारों के लिए PMAY-U 2.0 एक नई उम्मीद बनकर सामने आई है।

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Vinod Yadav

विनोद यादव (Founder): NFL Spice News के फाउंडर और राइटर हैं। ज़िम्मेदार पत्रकारिता के प्रति मज़बूत कमिटमेंट के साथ, वह पाठकों को सच्चाई से जोड़ने और गहराई से, बिना किसी भेदभाव के न्यूज़ कवरेज देने की कोशिश करते हैं। विनोद यादव पिछले 10 सालों से ऑनलाइन मीडिया और प्रिंट मीडिया के साथ जुड़ें है। Contact Email: vinodyadav@nflspice.com Website: nflspice.com Linkedin: LinkedIn
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