Diwali Bonus: दिवाली पर कर्मचारियों की जेब में आयेगा बोनस पैसा, जानिए बोनस देने का कानून क्या है और आपको बोनस कैसे दिया जाता है!
Diwali Bonus: दिवाली का त्योहार (Diwali Festival) नजदीक आते ही कर्मचारियों के चेहरों पर मुस्कान और उम्मीदें बढ़ जाती हैं। वजह है बोनस (Bonus), जो इस मौके पर कर्मचारियों की मेहनत का इनाम होता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह बोनस सिर्फ कंपनी की मर्जी नहीं, बल्कि कानून (Law) के दायरे में आता है? आइए, समझते हैं कि बोनस भुगतान अधिनियम, 1965 (Payment of Bonus Act, 1965) के तहत क्या नियम हैं और आपको कितना बोनस मिल सकता है।
बोनस देना है जरूरी या नहीं?
भारत में बोनस देना कई कंपनियों के लिए कानूनी जिम्मेदारी है। बोनस भुगतान अधिनियम, 1965 के तहत, अगर किसी कंपनी या फैक्ट्री में 20 या उससे ज्यादा कर्मचारी (Employees) काम करते हैं, तो उन्हें बोनस देना अनिवार्य है। यह नियम पूरे देश में लागू होता है। लेकिन, यह बोनस हर कर्मचारी को नहीं मिलता। इसके लिए कुछ खास शर्तें पूरी करनी होती हैं। Diwali Bonus
कौन है बोनस का हकदार?
बोनस पाने के लिए कर्मचारी को दो मुख्य शर्तें पूरी करनी होंगी:
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वेतन सीमा (Salary Limit): कर्मचारी का मासिक वेतन (मूल वेतन + महंगाई भत्ता) 21,000 रुपये से ज्यादा नहीं होना चाहिए।
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न्यूनतम कार्य अवधि (Minimum Work Period): कर्मचारी ने उस वित्तीय वर्ष (Financial Year) में कम से कम 30 दिन काम किया हो।
अगर ये दोनों शर्तें पूरी होती हैं, तो कर्मचारी को बोनस मिलना तय है। Diwali Bonus
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बोनस की गणना कैसे होती है?
बोनस की राशि कर्मचारी के वेतन के आधार पर तय होती है। नियम के मुताबिक:
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न्यूनतम बोनस (Minimum Bonus): हर कर्मचारी को कम से कम 8.33% बोनस मिलना अनिवार्य है, चाहे कंपनी को मुनाफा हो या नहीं।
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अधिकतम बोनस (Maximum Bonus): यह 20% तक हो सकता है, जो कंपनी के प्रदर्शन पर निर्भर करता है।
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वेतन की गणना (Salary Calculation): बोनस की गणना 7,000 रुपये प्रति माह या सरकार द्वारा तय न्यूनतम मजदूरी (Minimum Wage) पर की जाती है, भले ही कर्मचारी का वेतन 21,000 रुपये तक हो।
उदाहरण के तौर पर, अगर आपका वेतन 15,000 रुपये महीना है, तो बोनस की गणना 7,000 रुपये के आधार पर होगी। इसका मतलब है कि आपको न्यूनतम 7,000 का 8.33% यानी करीब 583 रुपये बोनस मिलेगा। Diwali Bonus
कब मिलेगा बोनस?
कानून के अनुसार, बोनस का भुगतान वित्तीय वर्ष (Financial Year) खत्म होने के 8 महीने के भीतर करना होता है। यानी, ज्यादातर कंपनियां 30 नवंबर तक बोनस दे देती हैं। कई कंपनियां इसे दिवाली (Diwali) से पहले देती हैं, ताकि कर्मचारी त्योहार की खरीदारी (Festival Shopping) कर सकें।
केंद्रीय कर्मचारियों के लिए खास नियम
केंद्र सरकार के कर्मचारियों (Central Government Employees) के लिए बोनस के नियम थोड़े अलग हैं। ग्रुप C और कुछ ग्रुप B (नॉन-गजटेड) कर्मचारियों को ‘एड-हॉक बोनस’ (Ad-Hoc Bonus) मिलता है। यह बोनस आमतौर पर 30 दिन के वेतन के बराबर होता है। हालांकि, इसके लिए सरकार हर साल अलग-अलग शर्तें तय करती है। Diwali Bonus
कर्मचारियों के लिए सलाह
अगर आपको बोनस नहीं मिला और आपको लगता है कि आप इसके हकदार हैं, तो अपनी कंपनी के HR डिपार्टमेंट से बात करें। यह भी सुनिश्चित करें कि आपकी सैलरी और काम की अवधि बोनस की शर्तों को पूरा करती है। बोनस न सिर्फ आपकी मेहनत का फल है, बल्कि यह त्योहारों को और खास बनाने का जरिया भी है। Diwali Bonus
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